छत्तीसगढ़
कोरबा/स्वराज टुडे: टी.पी. नगर कोरबा स्थित राजीव गांधी ऑडिटोरियम, इंदिरा स्टेडियम में तीन दिवसीय प्रेरणादायी कार्यक्रम “खुशियों का पासवर्ड का प्रथम दिवस उत्साह एवं भव्यता के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिकों, युवाओं, महिलाओं एवं गणमान्य लोगों की उपस्थिति रही।

कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं स्वागत नृत्य के साथ हुआ। मंच पर मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ शासन के वाणिज्य, उद्योग एवं श्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथियों में कोरबा महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत, कटघोरा विधायक श्री प्रेमचंद पटेल, बीके रुक्मणी दीदी, बीके बिंदु दीदी, नगर निगम कोरबा पार्षद श्री अशोक चावलानी जी एवं श्री नरेंद्र देवांगन जी सहित अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। साथ ही भाजपा जिला उपाध्यक्ष श्री प्रसफुल्ल तिवारी जी, डॉ. के.सी. देबनाथ जी, श्री एम.डी. माखीजा जी, श्री बुधिया जी समेत अनेक वरिष्ठजन एवं गणमान्य नागरिक कार्यक्रम में मौजूद रहे।

अपने संक्षिप्त उद्बोधन में मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने कहा कि आज के तनावपूर्ण वातावरण में ऐसे कार्यक्रम समाज को सकारात्मक दिशा देने का कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मानसिक शांति और खुशहाल जीवन के लिए सकारात्मक सोच एवं आध्यात्मिक मूल्यों को अपनाना आवश्यक है।
महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत ने कहा कि खुशियां बाहरी साधनों से नहीं, बल्कि अच्छे विचारों और आत्मिक संतुलन से प्राप्त होती हैं। वहीं विधायक श्री प्रेमचंद पटेल ने युवाओं को सकारात्मक जीवनशैली अपनाने और नशे से दूर रहने का संदेश दिया। बीके रुक्मणी दीदी एवं बीके बिंदु दीदी ने भी आध्यात्मिक जागरुकता एवं राजयोग के महत्व पर प्रकाश डाला।

इसके पश्चात प्रसिद्ध मोटिवेशनल स्पीकर डॉ. सचिन परब ने अपने प्रेरणादायी सत्र की शुरुआत की। उन्होंने “खुशी का खजाना” विषय पर विस्तार से चर्चा करते हुए बताया कि वास्तविक खुशी व्यक्ति के भीतर छिपी होती है और सकारात्मक सोच, आत्मविश्वास तथा अच्छे संस्कारों के माध्यम से उसे अनुभव किया जा सकता है। उन्होंने जीवन में तनावमुक्त रहने, रिश्तों में मधुरता बनाए रखने और हर परिस्थिति में खुश रहने के सरल उपाय बताए।
डॉ. परब की प्रभावशाली शैली और प्रेरक उदाहरणों ने उपस्थित श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। पूरे सभागार में उत्साह एवं सकारात्मक ऊर्जा का वातावरण बना रहा।

कार्यक्रम के दौरान नशा मुक्ति पर आधारित एक प्रभावशाली नाटक का मंचन भी किया गया, जिसने समाज को नशे के दुष्परिणामों से दूर रहने का संदेश दिया। उपस्थित लोगों ने इस प्रस्तुति की सराहना करते हुए इसे सामाजिक जागरूकता की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास बताया।
कार्यक्रम का प्रथम दिवस प्रेरणा, सकारात्मकता और आध्यात्मिक ऊर्जा से भरपूर रहा। आयोजकों के अनुसार आगामी दिनों में भी विभिन्न विषयों पर प्रेरणादायी सत्र आयोजित किए जाएंगे।
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