मुम्बई/स्वराज टुडे: जैब जुबैर अंसारी ने सुरक्षा गार्डों पर चाकू से हमला कर दिया, क्योंकि वे ‘कलमा’ नहीं सुना पाए। आरोपित के फोन से ISIS से जुड़े Video मिले हैं।
मुंबई से सटे मीरा रोड इलाके में एक 31 वर्षीय युवक ने दो सुरक्षा गार्डों पर सिर्फ इसलिए चाकू से हमला कर दिया क्योंकि वे ‘कलमा’ नहीं सुना पाए। आरोपित की पहचान जैब जुबैर अंसारी के रूप में हुई है, जिसे पुलिस ने घटना के मात्र डेढ़ घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया।
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए अब महाराष्ट्र ATS ने भी जाँच की कमान संभाल ली है, क्योंकि शुरुआती जाँच में आरोपित के फोन और इंटरनेट हिस्ट्री में ISIS से जुड़े Video मिलने की बात सामने आई है।
कैसे शुरू हुआ पूरा विवाद?
यह पूरी घटना रविवार (26 अप्रैल 2026) तड़के करीब 4 बजे की है। मीरा रोड ईस्ट में एक निर्माणाधीन इमारत पर राजकुमार मिश्रा और सुब्रतो सेन नाम के दो गार्ड ड्यूटी पर तैनात थे। तभी वहाँ जैब जुबैर अंसारी पहुँचा और उसने गार्डों से उनका नाम और धर्म पूछा।
जब गार्डों ने जवाब दे दिया, तो उसने उनसे पूछा कि क्या वे ‘कलमा’ पढ़ सकते हैं। गार्डों ने जब इनकार किया, तो आरोपित ने गुस्से में आकर चाकू निकाल लिया और उन पर हमला बोल दिया। इस हमले में राजकुमार मिश्रा को गंभीर चोटें आई हैं, जबकि सुब्रतो सेन ने किसी तरह केबिन में छिपकर अपनी जान बचाई।
आरोपित का बैकग्राउंड और गिरफ्तारी
हमले के बाद आरोपित मौके से फरार हो गया था, लेकिन पुलिस ने CCTV कैमरों की मदद से उसे नया नगर इलाके में उसके किराए के घर से दबोच लिया। आरोपित जैब अंसारी काफी पढ़ा-लिखा है। वह साल 2019 तक अमेरिका में पढ़ाई कर चुका है और भारत लौटने के बाद एक कोचिंग सेंटर में केमिस्ट्री और गणित पढ़ाता था। बताया जा रहा है कि वह पिछले कुछ समय से अकेला रह रहा था और उसके मकान मालिक ने उसे 5 मई तक फ्लैट खाली करने को कहा था।
ATS की एंट्री और पुलिस की अपील
पुलिस की जाँच में पता चला है कि आरोपित जैब इंटरनेट पर लगातार कट्टरपंथी और ISIS से जुड़े प्रोपेगेंडा Video देखता था। इसी संदिग्ध गतिविधियों के चलते अब नया नगर पुलिस के साथ ATS भी यह पता लगाने में जुटी है कि क्या यह हमला किसी बड़े आतंकी साजिश का हिस्सा था।
फिलहाल दोनों घायल गार्डों का इलाज अस्पताल में चल रहा है और उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे इस घटना को लेकर किसी भी तरह की अफवाह न फैलाएँ, वरना सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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