बिहार
नवादा/स्वराज टुडे: नवादा जिले के रजौली अनुमंडल क्षेत्र में 7 मार्च को हुए मुन्ना कुमार यादव हत्याकांड की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि मुन्ना की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसकी पत्नी राखी देवी ने अपने मायके वालों के साथ मिलकर करवाई थी। इस मामले में पुलिस ने धनबाद के टिटुलिया निवासी शेखर यादव को गिरफ्तार किया है, जिसने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है।
पहाड़ियों में मिला था लापता मुन्ना का शव
35 वर्षीय मुन्ना कुमार यादव 7 मार्च 2026 को अपने घर से लापता हो गया था। दो दिनों की तलाश के बाद 9 मार्च को सीतामढ़ी थाना क्षेत्र के जंगली पहाड़ियों में उसका शव बरामद हुआ। पुलिस की जांच में यह बात सामने आई कि मुन्ना की गला दबाकर बेरहमी से हत्या की गई थी और सबूत मिटाने के उद्देश्य से शव को झाड़ियों में फेंक दिया गया था। मृतक की मां लक्ष्मीनिया देवी ने शव की पहचान की और अपनी बहू पर हत्या का आरोप लगाया।
घरेलू विवाद और हत्या की साजिश
मृतक की मां ने थाने में दर्ज शिकायत में बताया कि मुन्ना और उसकी पत्नी राखी के बीच लंबे समय से घरेलू विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते राखी ने अपने मायके वालों और सहयोगियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। मां ने यह भी अंदेशा जताया है कि उसके पति जहुरी यादव की मौत के पीछे भी इसी समूह का हाथ हो सकता है।
टेक्निकल सेल की मदद से गिरफ्त में आया हत्यारा
सीतामढ़ी थानाध्यक्ष पप्पू शर्मा के नेतृत्व में गठित टीम ने डीआईयू (DIU) की मदद से मोबाइल लोकेशन और कॉल डिटेल्स को खंगाला। इसी आधार पर धनबाद से शेखर यादव को दबोचा गया। कड़ी पूछताछ में शेखर ने बताया कि उसने अपने साथियों के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
फरार पत्नी और अन्य आरोपियों की तलाश तेज
रजौली एसडीपीओ गुलशन कुमार ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी शेखर यादव के बयान के आधार पर अब पत्नी राखी देवी सहित 5-6 अन्य नामजद आरोपियों की तलाश की जा रही है। पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही साजिश में शामिल सभी चेहरे सलाखों के पीछे होंगे।
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